Terror Network in Rajasthan: हनुमानगढ़ में पकड़ा गया पाक आतंकी नेटवर्क, शहजाद भट्टी के स्लीपर सेल का बड़ा खुलासा, एजेंसियां अलर्ट
राजस्थान के हनुमानगढ़ में संदिग्ध आतंकी से हुई गुप्त पूछताछ ने चौंकाने वाले राज उगले हैं। पाक आतंकी शहजाद भट्टी राजस्थान के तीन जिलों में स्लीपर सेल नेटवर्क तैयार कर रहा था। हरियाणा और राजस्थान पुलिस की इस बड़ी कार्रवाई के बाद बॉर्डर इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। जानिए पूरी रिपोर्ट।
- हनुमानगढ़ में आतंकी से सीक्रेट पूछताछ
- पाकिस्तान का ‘शहजाद भट्टी’ मास्टरमाइंड
- राजस्थान के 3 जिले आतंकी रडार पर
- हरियाणा-राजस्थान पुलिस का संयुक्त ऑपरेशन
हनुमानगढ़/अंबाला: राजस्थान के शांत माने जाने वाले सीमावर्ती जिलों पर आतंकी साया गहराने लगा है। हरियाणा के अंबाला में पकड़े गए तीन संदिग्ध आतंकियों के तार अब राजस्थान के रेगिस्तानी जिलों से जुड़ते नजर आ रहे हैं। इस सनसनीखेज मामले में एक नया मोड़ तब आया जब हरियाणा एसटीएफ और सुरक्षा एजेंसियां पकड़े गए एक मुख्य संदिग्ध जंगबीर को बेहद गोपनीय तरीके से हनुमानगढ़ लेकर पहुंचीं।
दो दिनों तक चला ‘ऑपरेशन हनुमानगढ़’
जानकारी के मुताबिक, सुरक्षा एजेंसियों ने इस पूरे ऑपरेशन को इतना गुप्त रखा कि स्थानीय स्तर पर भी इसकी भनक बहुत कम लोगों को लगी। आरोपी जंगबीर को हनुमानगढ़ टाउन थाने में रखकर करीब दो दिनों तक मैराथन पूछताछ की गई।
इस दौरान हरियाणा एसटीएफ, अंबाला पुलिस, राजस्थान एटीएस और हनुमानगढ़ एजीटीएफ (एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स) के आला अधिकारी मौजूद रहे।
सूत्रों का कहना है कि आरोपी को उन ठिकानों पर भी ले जाया गया, जहां उसने शरण ली थी या जो उसकी साजिश का हिस्सा थे।
पाकिस्तान का ‘स्लीपर सेल’ प्लान: निशाने पर तीन जिले
पूछताछ और आरोपियों के मोबाइल डेटा की शुरुआती जांच ने सुरक्षा एजेंसियों के कान खड़े कर दिए हैं। जांच में सामने आया है कि पाकिस्तान में बैठा आतंकी शहजाद भट्टी भारत के भीतर एक नया और खतरनाक स्लीपर सेल नेटवर्क तैयार करने की फिराक में है।
इस नेटवर्क के रडार पर विशेष रूप से राजस्थान के तीन जिले हनुमानगढ़, श्रीगंगानगर और अजमेर हैं। एजेंसियों को अंदेशा है कि इन जिलों में स्थानीय स्तर पर कुछ लोग इस नेटवर्क को लॉजिस्टिक सपोर्ट या सूचनाएं मुहैया करा रहे थे।
सीमा पार से मिल रहे थे निर्देश
यह केवल एक स्थानीय अपराध नहीं बल्कि सरहद पार से रची गई एक बड़ी साजिश का हिस्सा है।
जांच में खुलासा हुआ है कि पूरा नेटवर्क पाकिस्तान से सीधे तौर पर ऑपरेट किया जा रहा था। स्लीपर सेल का मकसद सीमावर्ती इलाकों में अस्थिरता पैदा करना और महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों की रेकी करना हो सकता है।
फिलहाल एटीएस बीकानेर और हनुमानगढ़ पुलिस इस बात की गहराई से तफ्तीश कर रही है कि क्या इन जिलों में आतंकी नेटवर्क की जड़ें कितनी गहरी हो चुकी हैं।
सुरक्षा एजेंसियां मुस्तैद, स्थानीय कनेक्शन की तलाश
हनुमानगढ़ के एसपी नरेंद्र मीणा ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कहा है कि स्लीपर सेल से जुड़े हर दावे की बारीकी से जांच की जा रही है। उन्होंने साफ किया कि यदि किसी भी स्थानीय व्यक्ति की संलिप्तता इस टेरर नेटवर्क में पाई जाती है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
गुरुवार रात आरोपी को वापस अंबाला ले जाया गया है लेकिन राजस्थान में सुरक्षा एजेंसियां अब पूरी तरह सतर्क मोड में हैं। आने वाले दिनों में इस मामले में कुछ और चौंकाने वाली गिरफ्तारियां संभव हैं।



