तुलसी सिर्फ एक पौधा नहीं, बल्कि आयुर्वेद की सबसे शक्तिशाली औषधि है। आइए जानते हैं इसके फायदे।
तुलसी में एंटीऑक्सीडेंट्स होते हैं जो शरीर की रोगों से लड़ने की क्षमता को प्राकृतिक रूप से बढ़ाते हैं।
तुलसी एक एडाप्टोजेन (Adaptogen) है, जो मानसिक तनाव और कोर्टिसोल लेवल को कम करने में मदद करती है।
तुलसी की चाय या काढ़ा पीने से सर्दी, जुकाम और गले की खराश में तुरंत आराम मिलता है।
यह पेट की गैस, एसिडिटी और कब्ज जैसी समस्याओं को दूर कर पाचन तंत्र को दुरुस्त रखती है।
इसके एंटी-बैक्टीरियल गुण मुँहासों को रोकते हैं और त्वचा को अंदर से साफ कर ग्लो लाते हैं।
तुलसी कोलेस्ट्रॉल लेवल को नियंत्रित करने और ब्लड प्रेशर को सामान्य रखने में मददगार है।
इसके पत्तों को चबाने से मुँह के बैक्टीरिया खत्म होते हैं और सांसों में ताजगी बनी रहती है।
अगर आपको बार-बार सिरदर्द या माइग्रेन की समस्या है, तो तुलसी का अर्क काफी राहत पहुंचा सकता है।
रोज़ाना 2-3 तुलसी के पत्ते खाना या तुलसी की चाय पीना आपको सालों-साल स्वस्थ रख सकता है।