नई दिल्ली। NFLSpice News: देश में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक और कथित धांधली के खिलाफ छात्रों के जारी आंदोलन के समर्थन में आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के प्रमुख और नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
चंद्रशेखर आजाद ने नई दिल्ली स्थित संसद भवन परिसर के भीतर रातभर रुककर अपना विरोध दर्ज कराया।
वह सोमवार को प्रदर्शनकारी छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई और लाठीचार्ज के विरोध में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के तुरंत इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।
"लोकतंत्र में लाठियों से नहीं कुचली जा सकती युवाओं की आवाज"
संसद परिसर में मीडिया से बातचीत करते हुए सांसद चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि देश का युवा पिछले कई दिनों से जंतर-मंतर और सड़कों पर अपनी जायज मांगों को लेकर भूख हड़ताल और प्रदर्शन कर रहा है, लेकिन सरकार उनकी सुध लेने के बजाय पुलिस की लाठियों के दम पर उनकी आवाज दबाना चाहती है।
जहाँ संविधान की शपथ ली, आज वहीं संविधान का सम्मान बचाने बैठा हूँ।
— Chandra Shekhar Aazad (@BhimArmyChief) July 21, 2026
मासूमों पर हुए अत्याचार के विरुद्ध अपना कर्तव्य निभा रहा हूँ।
जय भीम, जय भारत।#संसद_मार्च #जंतर_मंत्र pic.twitter.com/J2ENfzZdNP
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में लाठीचार्ज से छात्रों के भविष्य और गुस्से को नहीं दबाया जा सकता। जब युवा सड़कों पर भूखे-प्यासे संघर्ष कर रहे हों, तो जनप्रतिनिधि होने के नाते वह खामोश नहीं बैठ सकते।
लोकसभा अध्यक्ष से की मुलाकात, सरकार को बातचीत की दी सलाह
चंद्रशेखर आजाद ने बताया कि उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम और छात्रों के आक्रोश से लोकसभा अध्यक्ष को अवगत करा दिया है। आजाद ने कहा कि वह सरकार के किसी भी प्रतिनिधि से इस मुद्दे पर सकारात्मक बातचीत के लिए तैयार हैं ताकि लाखों छात्रों के भविष्य के साथ हो रहे खिलवाड़ को रोका जा सके।
सिर्फ़ हंगामा खड़ा करना मेरा मक़सद नहीं,
— Chandra Shekhar Aazad (@BhimArmyChief) July 21, 2026
मेरी कोशिश है कि ये सूरत बदलनी चाहिए।
हो गई है पीर पर्वत-सी, पिघलनी चाहिए,
इस हिमालय से कोई गंगा निकलनी चाहिए। pic.twitter.com/XzQl5maqK4
उन्होंने चेतावनी दी कि अगर केंद्र सरकार ने प्रदर्शनकारी छात्रों की मांगों को नजरअंदाज करना जारी रखा और संवाद स्थापित नहीं किया, तो यह आंदोलन संसद से लेकर देश के हर कोने में सड़क तक व्यापक रूप लेगा।