ईरान में सत्ता परिवर्तन की तैयारी? ट्रंप बोले- हम तय करेंगे अगला नेता, तेहरान के आसमान से बरस रही मौत
खाड़ी देशों में युद्ध की आग भीषण (Intense) हो गई है। राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान के अगले नेतृत्व पर अपना दावा ठोकते हुए मुजतबा खामेनेई को खारिज कर दिया है। इधर, इजरायली जेट्स तेहरान को दहला रहे हैं और अमेरिकी रक्षा विभाग ने अनंत काल तक हमले जारी रखने की चेतावनी दी है। पूरी रिपोर्ट पढ़ें।
वाशिंगटन/तेहरान: मध्य पूर्व (Middle East) में जारी संघर्ष अब एक निर्णायक और खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बेहद चौंकाने वाला बयान देते हुए कहा है कि अमेरिका अब ईरान के भविष्य के नेतृत्व को चुनने की प्रक्रिया में सीधे तौर पर शामिल होना चाहता है।
ट्रंप का यह बयान ऐसे समय में आया है जब ईरान के आसमान पर अमेरिकी और इजरायली लड़ाकू विमानों का कब्जा है और जमीनी हालात बद से बदतर होते जा रहे हैं।
ट्रंप का ‘मुजतबा कार्ड’ और कुर्द विद्रोह का आह्वान
रॉयटर्स को दिए एक फोन इंटरव्यू में ट्रंप ने दिवंगत सर्वोच्च नेता अली खामेनेई के बेटे मुजतबा खामेनेई (Mojtaba Khamenei) के उत्तराधिकारी बनने की संभावनाओं को सिरे से खारिज कर दिया। ट्रंप ने स्पष्ट शब्दों में कहा
“हम उस प्रक्रिया का हिस्सा बनना चाहते हैं जो यह तय करेगी कि भविष्य में ईरान का नेतृत्व कौन करेगा।”
इतना ही नहीं ट्रंप ने ईरानी कुर्द बलों (Kurdish forces) को खुलेआम आक्रामक होने के लिए उकसाया है जिससे ईरान के भीतर गृहयुद्ध (Civil War) जैसी स्थिति पैदा होने का खतरा बढ़ गया है।
तेहरान में तबाही का मंजर: आज कल से भी बुरा है
युद्ध के छठे दिन तेहरान की गलियां चीखों और धमाकों से गूंज रही हैं। इजरायली सेना ने तेहरान के निवासियों को इलाका खाली करने की चेतावनी (Evacuation warning) दी है।
स्थानीय निवासी मोहम्मद रजा ने कांपती आवाज में बताया कि उत्तरी तेहरान में बमबारी इतनी भीषण है कि वहां अब रहने लायक कुछ नहीं बचा। सरकारी मीडिया के अनुसार एक गेस्ट हाउस पर हुए हमले में 17 लोगों की मौत हो गई है।
सैन्य ताकत का प्रदर्शन: मुनिशन्स की कमी नहीं
अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने कड़ा संदेश देते हुए कहा कि अमेरिका के पास हथियारों (Munitions) का इतना भंडार है कि वह अनिश्चित काल तक बमबारी जारी रख सकता है।
एडमिरल ब्रैड कूपर ने पुष्टि की है कि अमेरिका अब तक 30 ईरानी जहाजों को नष्ट कर चुका है जिनमें एक विशाल ड्रोन कैरियर भी शामिल है। B-2 बॉम्बर्स ने ईरान के उन ठिकानों को निशाना बनाया है जहाँ बैलिस्टिक मिसाइलें जमीन के काफी नीचे छिपी थीं।
वैश्विक अर्थव्यवस्था पर गहराता साया
इस युद्ध की आंच केवल खाड़ी तक सीमित नहीं है। वॉल स्ट्रीट (Wall Street) के शेयर गिर रहे हैं और तेल की कीमतें आसमान छू रही हैं। दुनिया भर में तेल और प्राकृतिक गैस (LNG) की सप्लाई का 20% हिस्सा बाधित हो चुका है।
ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने भी पलटवार करते हुए एक अमेरिकी टैंकर को निशाना बनाने का दावा किया है जिससे समुद्री व्यापार (Maritime Trade) पूरी तरह ठप होने की कगार पर है।
अजरबैजान भी युद्ध की चपेट में
युद्ध की आग अब पड़ोसी देशों तक फैल गई है। अजरबैजान ने ईरान पर ड्रोन हमले का आरोप लगाते हुए अपना हवाई क्षेत्र (Airspace) बंद कर दिया है।
वहीं इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा है कि जीत बड़ी है लेकिन अभी “बहुत काम बाकी है”। ईरान ने भी कसम खाई है कि वे अमेरिकियों को जहां पाएंगे, वहीं लड़ेंगे।



