राजस्थान में नया कानून: जबरन धर्म परिवर्तन पर लगेगी रोक
जयपुर| राजस्थान सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है. ‘राजस्थान विधिविरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध विधेयक-2025’ को जल्द ही विधानसभा में पेश किया जाएगा. यह कानून जबरदस्ती, लालच या धोखे से होने वाले धर्म परिवर्तन को रोकने के लिए बनाया गया है. मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने इसे सामाजिक सौहार्द और धार्मिक स्वतंत्रता की रक्षा के लिए जरूरी बताया है.
क्या है इस विधेयक में?
इस नए कानून के तहत:
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- जबरन, प्रलोभन, धोखाधड़ी या विवाह के जरिए धर्म परिवर्तन गैरकानूनी होगा.
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- अगर कोई व्यक्ति अपने मूल धर्म में बिना दबाव के वापस लौटता है, तो इसे स्वैच्छिक माना जाएगा.
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- विवाह के लिए धर्म परिवर्तन करने पर सख्त कार्रवाई होगी. ऐसे मामलों में परिवार न्यायालय विवाह को रद्द कर सकता है.
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- धर्म परिवर्तन से पहले जिला प्रशासन को 60 दिन का नोटिस देना होगा.
समाज में शांति और एकता को बढ़ावा
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि यह कानून ‘विकसित राजस्थान 2047’ के सपने को साकार करने की दिशा में एक कदम है. उनका कहना है कि यह कदम समाज में शांति और एकता को बढ़ावा देगा. साथ ही, गलत तरीकों से धर्म परिवर्तन पर रोक लगेगी.
यह विधेयक अब विधानसभा में चर्चा के लिए पेश होगा. सरकार का दावा है कि यह कानून राजस्थान में धार्मिक सौहार्द को और मजबूत करेगा. इस पर विपक्ष और समाज के अलग-अलग वर्गों की प्रतिक्रिया का इंतजार है.



