आधी रात पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों ने अफगानिस्तान पर बरसाए बम, 11 मासूमों समेत 13 की मौत; डूरंड लाइन पर छिड़ी भीषण जंग?
Pakistan Afghanistan Conflict: पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सुलग रही तनाव की चिंगारी अब एक भीषण सैन्य टकराव में बदल चुकी है। आतंकवाद और डूरंड लाइन के पुराने विवाद को लेकर दोनों देशों के रिश्ते इस कदर बिगड़ गए हैं कि पाकिस्तान ने आधी रात को दुस्साहस दिखाते हुए अफगानिस्तान की सीमा में घुसकर ताबड़तोड़ हवाई हमले कर दिए।
इस अचानक हुई एयरस्ट्राइक ने अंतरराष्ट्रीय नियमों की धज्जियां उड़ा दी हैं जिससे पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है।
दिल दहला देने वाली बात यह है कि इस सैन्य कार्रवाई की कीमत आम नागरिकों को चुकानी पड़ी है। मंगलवार, 9 जून की देर रात पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों ने अफगानिस्तान के तीन प्रमुख प्रांतों— कुनार, खोस्त और पक्तिका को निशाना बनाते हुए भारी बमबारी की।
इस हमले में सोते हुए मासूम बच्चे, महिलाएं और बुजुर्ग इसकी चपेट में आ गए। शुरुआती रिपोर्टों के मुताबिक, अब तक 11 बच्चों समेत कुल 13 बेगुनाह लोगों की जान जा चुकी है। बमबारी इतनी भीषण थी कि कई रिहायशी मकान मलबे के ढेर में तब्दील हो गए।
अफगानिस्तान की तालिबान सरकार ने इस हरकत पर बेहद सख्त रुख अपनाया है। अफगान प्रवक्ता जबीउल्लाह मुजाहिद ने एक आधिकारिक बयान जारी कर पाकिस्तान की इस सैन्य कार्रवाई की कड़े शब्दों में निंदा की है। उन्होंने इसे अफगानिस्तान की संप्रभुता पर सीधा हमला और अंतरराष्ट्रीय कानूनों का खुला उल्लंघन करार दिया है।
पर्दे के पीछे की असल वजह: दरअसल, दोनों देशों के बीच इस खूनी टकराव की जड़ में ‘तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान’ (TTP) और विवादित डूरंड लाइन सीमा है। इस्लामाबाद लगातार यह आरोप लगाता रहा है कि अफगान तालिबान अपनी जमीन पर टीटीपी के आतंकियों को पनाह दे रहा है, जो पाकिस्तानी सीमा में घुसकर आत्मघाती हमले और हिंसा फैलाते हैं। दूसरी तरफ अफगानिस्तान इन आरोपों को खारिज करते हुए पाकिस्तान की हर सैन्य गतिविधि को अपनी संप्रभुता का हनन मानता है।
जानकारों का मानना है कि इस हवाई हमले के बाद सीमा पर हालात और ज्यादा विस्फोटक हो सकते हैं जिससे दोनों देशों के बीच सीधे युद्ध का खतरा बढ़ गया है।



